चंडीगढ़ और पंजाब पुलिस ने आतंकी संगठन बब्बर खालसा इंटरनेशनल (बीकेआई) की एक बड़ी साजिश को नाकाम करने का दावा किया है। पुलिस के अनुसार, पंजाब पुलिस मुख्यालय, पंजाब भाजपा कार्यालय और पंजाब भाजपा प्रदेश अध्यक्ष की कोठी को निशाना बनाकर विस्फोट और गोलीबारी की योजना बनाई जा रही थी। मामले में पुलिस ने रविवार को तीन संदिग्ध आतंकियों को गिरफ्तार किया। इनके पास से विस्फोटक तैयार करने में इस्तेमाल होने वाली सामग्री और हथियार बरामद किए गए हैं। पुलिस की कार्रवाई के बाद राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने चंडीगढ़ पुलिस से मामले की रिपोर्ट भी मांगी है। पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों की पहचान तरनतारन निवासी लवप्रीत सिंह, जशनप्रीत सिंह उर्फ जशनदीप और अमृतसर निवासी प्रभप्रीत सिंह उर्फ प्रभ के रूप में हुई है। जांच में तीनों के विदेशी बीकेआई हैंडलर सतनाम उर्फ सत्ता नौशेरा के संपर्क में होने की बात सामने आई है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब पांच किलो जिलेटिन की छड़ें, एक डेटोनेटर, पावर सोर्स और दूर से संचालित होने वाला एक उपकरण बरामद करने की जानकारी दी है। इसके अलावा एक पिस्टल, एक मैगजीन और पांच जिंदा कारतूस भी बरामद किए गए हैं। जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि विस्फोटक और हथियार आरोपियों तक किस नेटवर्क के जरिए पहुंचे। इसके साथ ही पुलिस यह भी जांच कर रही है कि इस साजिश में उनके साथ और कौन लोग जुड़े हुए थे और चंडीगढ़ में उन्हें स्थानीय स्तर पर किसी तरह की मदद मिल रही थी या नहीं। पुलिस के अनुसार, विदेशी हैंडलर सतनाम मोबाइल एप के जरिए लवप्रीत सिंह और जशनप्रीत सिंह के संपर्क में था। एजेंसियां अब इन संपर्कों और डिजिटल गतिविधियों की भी जांच कर रही हैं, ताकि पूरी साजिश की कड़ियों को जोड़ा जा सके। फिलहाल जांच का मुख्य फोकस साजिश के पीछे मौजूद नेटवर्क, फंडिंग, विस्फोटक की सप्लाई और संभावित स्थानीय मददगारों की पहचान पर है। सुरक्षा एजेंसियां यह भी पता लगाने में जुटी हैं कि कथित हमले के लिए किन लक्ष्यों की रेकी की गई थी और आगे की क्या योजना बनाई जा रही थी। Please follow and like us: Share Post Share Post navigation मिशन 2027: पंजाब में भाजपा का संगठन विस्तार तेज, हर सीट पर जीत की नई रणनीति सैन्य बेस की रेकी और हथियारों की खेप… अमृतसर में दो अलग मामलों से बढ़ी चिंता