उत्तराखंड में जल्द चारधाम यात्रा शुरू होने जा रही है, जिस लेकर उत्तराखंड सरकार ने तैयारियां शुरू कर दी है। वहीं चारधाम यात्रा को लेकर पंजीकरण अनिवार्य किया गया है। आज सुबह सात बजे से ऑनलाइन व ऑन कॉल माध्यमों से पंजीकरण प्रारंभ कर दिए गए हैं। प्रथम चरण में केदारनाथ और बदरीनाथ धामों के लिए पंजीकरण किए जा रहे हैं। गंगोत्री व यमुनोत्री धामों के कपाट खुलने की अधिकृत सूचना मिलने के बाद वहां के लिए पंजीकरण शुरू किए जाएंगे। चारों धामों में दर्शन के मद्देनजर वाहन क्षमता का निर्धारण कर दिया गया है। चारधाम यात्रा के लिए इन माध्यमों से पंजीकरण कर सकते है, वेबसाइट के जरिए से :- registrationandtouristcare.uk.gov.in, वाट्सएप नंबर 91-8394833833 (Yatra टाइप करें), टोल फ्री नंबर 0135-1364, एप touristcareuttrakhand चारधाम यात्रा पंजीकरण के लिए ये जरूरी निर्देश आधार कार्ड का नंबर फोटो पता (यदि कोई चाहे तो अभिलेख भी अपलोड कर सकता है) मोबाइल का सही नंबर एक मोबाइल नंबर से कितने यात्रियों का पंजीकरण होगा, इसे लेकर अभी कोई संख्या निर्धारित नहीं की गई है। केवल टूर के लिए 50 की संख्या तय की गई है। चारधाम यात्रा 22 अप्रैल से शुरू होनी है। इसे देखते हुए चारों धामों में पंजीकरण सत्यापन एवं यात्रा नियंत्रण केंद्र खोले जाएंगे। यमुनोत्री धाम के लिए दोबाटा, गंगोत्री के लिए हीना, केदारनाथ के लिए सोनप्रयाग और बदरीनाथ के लिए पांडुकेश्वर में ये केंद्र खुलेंगे। इनसे यात्रियों का रीयल टाइम डाटा मिल सकेगा। ये सभी देहरादून स्थित केंद्रीय कंट्रोल रूम से जुड़े रहेंगे। त्रियों के धामों में पहुंचते ही उनके पंजीकरण प्रपत्र में बने बारकोड के आधार पर कियोस्क मशीन से उन्हें दर्शन के लिए टोकन दिए जाएंगे। इसमें समय का उल्लेख होगा। ऐसे में यात्रियों को कतार में घंटों खड़ा नहीं होना पड़ेगा। धामों की वाहन क्षमता(प्रतिदिन) धाम संख्या केदारनाथ- 15000 बदरीनाथ- 18000 गंगोत्री- 9000 यमुनोत्री- 5500 धामों में एक घंटे में दर्शन केदारनाथ- 1200 बदरीनाथ- 1200 गंगोत्री- 750 यमुनोत्री- 550 Please follow and like us: Share Post Share Post navigation 13 मार्च से गैरसैंण में शुरू होगा विधानसभा का बजट सत्र, लाइव होगा प्रसारण सचिव डॉ नीता तिवारी ने बोर्ड परीक्षा नकल विहीन एवं पारदर्शिता से कराने के दिए निर्देश